दूल्हे को धोखे में रखकर उसकी दूसरी शादी करा दी गई। पीड़ित को बाद में पता चला कि पत्नी पहले से शादीशुदा है। आरोप है कि विरोध करने पर ससुराल पक्ष ने धमकाया और विवाहिता जेवर व उपहार लेकर मायके चली गई। पुलिस ने युवती समेत सात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

शादी की सांकेतिक तस्वीर – फोटो
रामपुर और मुरादाबाद के लोगों ने षड्यंत्र के तहत युवती की पहली शादी छिपाकर दूसरी करा दी। हकीकत का पता चला तो दूल्हे पक्ष के लोगों के होश उड़ गए। पीड़ित परिवार ने पहली शादी के बारे में पूछा तो आरोपी झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने लगे।आरोप है कि विवाहिता सोने-चांदी के जेवर अपने मायके लेकर चली गई। पुलिस ने सात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। अमरोहा के मोहल्ला गस्तियान निवासी राम.निवास यादव बेटे रंजीत यादव की शादी के लिए रिश्ता देख रहे थे।
मार्च 2024 में रंजीत यादव की रामपुर सिविल लाइंस क्षेत्र निवासी मनीष अरोड़ा और उनकी पत्नी रितु अरोड़ा उर्फ सिमरन अरोड़ा से मुलाकात हुई। उन्होंने रिश्ते की बहन आकांक्षा यादव को अविवाहित बताया। इसके बाद दोनों परिवारों के बीच शादी की सहमति बन गई।14 जून 2024 को रिश्ता तय कर दिया। 27 नवंबर 2024 को विवाह करा दिया। शादी के बाद रंजीत और उनके परिवार के लोगों को पता चला की आकांक्षा पहले से शादीशुदा है। रंजीत ने पत्नी आकांक्षा यादव और उनके परिवार वालों से पहले विवाह के बारे में पूछा तो उन्होंने मारपीट की।पूरे परिवार को झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी थी। रंजीत का आरोप है कि उसकी पत्नी आकांक्षा घर में रखे सभी उपहार और आभूषण मायके लेकर चली गई। रंजीत यादव ने आकांक्षा के बारे में पता किया तो वर्ष 2019 में प्रवीण कुमार यादव नाम के व्यक्ति से पहला विवाह होने की बात पता चली।
रंजीत यादव ने एसपी अमित कुमार आनंद से मामले की शिकायत की। सीओ सिटी शक्ति सिंह ने बताया कि मामले में आकांक्षा यादव, मधु यादव, प्रशांत यादव, पवन यादव, कामिनी यादव, रितु अरोरा और मनीष अरोड़ा के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।




