रोजगार की तलाश में मुरादाबाद गया था सतीश उर्फ बंटी; पीछे छोड़ गया पत्नी और दो मासूम बच्चे, ग्राम प्रधान ने की आर्थिक मदद की मांग

मुजफ्फरनगर। मोरना ब्लॉक क्षेत्र के गांव बिहारगढ़ निवासी एक युवक की मुरादाबाद में ट्रेन की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। 35 वर्षीय सतीश उर्फ बंटी रोजगार की तलाश में मुरादाबाद गया हुआ था, जहां रविवार देर शाम वह हादसे का शिकार हो गया। मंगलवार सुबह जब युवक का शव उसके पैतृक गांव बिहारगढ़ पहुँचा, तो पूरे गांव में मातम छा गया। गमगीन माहौल में मृतक का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
जानकारी के अनुसार, सतीश उर्फ बंटी पुत्र भागमल रविवार को काम की तलाश में मुरादाबाद गया था। देर शाम पटरी पार करते समय या किसी अन्य कारण से वह ट्रेन की चपेट में आ गया और उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मुरादाबाद पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सूचना दी। सतीश के पास मात्र पांच बीघा कृषि भूमि थी, जिससे परिवार का गुजारा मुश्किल से होता था। उसकी पत्नी दीपा गांव में ही ब्यूटी पार्लर और श्रृंगार की छोटी सी दुकान चलाकर परिवार की मदद करती हैं।
सतीश के आकस्मिक निधन से उसके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। वह अपने पीछे पत्नी दीपा, 14 वर्षीय पुत्र नैतिक और 12 वर्षीय पुत्र आर्यन को रोता-बिलखता छोड़ गया है। घर में वृद्ध पिता भागमल और माता क्रांति देवी का भी रो-रोकर बुरा हाल है। भाइयों लोकेन्द्र और शिवकुमार सहित पूरे कुनबे में शोक व्याप्त है।
आर्थिक सहायता की मांगग्रामीणों ने बताया कि सतीश बेहद मिलनसार और मेहनती व्यक्ति था। वह अपने बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए शहर में काम तलाशने गया था, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। ग्राम प्रधान संजय सिंह चौहान ने जिला प्रशासन और सरकार से पीड़ित परिवार की दयनीय स्थिति को देखते हुए उचित आर्थिक सहायता प्रदान करने की मांग की है, ताकि मासूम बच्चों का भविष्य सुरक्षित हो सके।




